सांकेतिक चित्र
उत्तर प्रदेश के देवरिया जिले से एक बेहद चौंकाने वाला मामला सामने आया है। दरअसल, यहां पर एक बच्चे ने मोमो खाने की लत चलते लगभग 85 लाख रुपए के जेवर चाइनीज फास्ट फूड का ठेला चलाने वालो को दे दिए। जब पुलिस के पास यह मामला पहुंचा, तो वो भी अचंभित रह गई। फिलहाल पुलिस ने ज्वैलरी रखने वाले मोमो विक्रेताओं को हिरासत में ले लिया है।
जानकारी के मुताबिक, यह हैरान कर देने वाला मामला यूपी के देवरिया जिले के एक गांव से सामने आया है। लड़के के पिता ने बताया, कि उनका बेटा 7वीं कक्षा का छात्र है और उसे मोमोज खाना बहुत पसंद है। उन्होंने बताया, कि रामपुर कारखाना क्षेत्र में एक मोमोज का स्टॉल था, जिसे 3 लोग चलाते थे। दुकानदार लड़के को मुफ्त में मोमोज खिला रहे थे।
आरोप है, कि मोमो स्टॉल चलाने वालो ने नाबालिग को बहलाकर घर से गहने मंगवाने शुरू किए। वहीं लड़के ने भी अपने घर से गहने लाने शुरू कर दिए। थाने में दी तहरीर में लड़के के पिता आरोप लगाया है, कि उनके लड़के ने उनका और उनकी बहन का घर में रखा करीब 85 लाख रुपये के जेवर लाकर मोमोज बेचने वाले तीनों युवकों को दे दिए।
▶️मोमोज खाने की एसी लत…86 लाख की चपत!
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उन्होंने बताया, कि उनकी बहन जब अपने आभूषण मांगने के लिए घर आईं, तो अलमारी खोलते ही उनके होश उड़ गए। अलमारी में रखे सभी जेवर गायब थे। शक होने पर जब उन्होंने बच्चे से पूछताछ की, तो उसने बताया, कि उसने जेवर हुमरी चौराहे के दुकानदारों को दे दिए हैं। इसके बाद लड़के के पिता ने थाने में तीनों आरोपियों के खिलाफ तहरीर दी है।
रामपुर कारखाना थाना प्रभारी देवेंद्र कुमार सिंह ने बताया, ग्राम भगवानपुर तिवारी निवासी विमलेश मिश्रा ने अवगत कराया है, कि उनके बेटे ने मोमो खाने के लिए घर में रखे सोने-चांदी के आभूषण मोमो बेचने वाले को दे दिए हैं। उन्होंने बताया, सुसंगत धाराओं में अभियोग पंजीकृत करने के बाद 2 आरोपितों को हिरासत में लेकर विधिक कार्रवाई की जा रही है।
गौरतलब है, कि मोमो विक्रेताओं ने भी लालच में आकर बच्चे से महंगे गहने ले लिए जो उनकी आपराधिक मानसिकता को दर्शाता है। वहीं किसी भी नशा या लत बच्चों के भविष्य और परिवार की सुरक्षा के लिए घातक साबित हो सकती है, इसलिए माता-पिता को चाहिए, कि वे अपने बच्चों के व्यवहार और उनकी जरुरतो पर कड़ी निगरानी रखें, ताकि ऐसी नौबत न आए।
