फैजान ने दिपके के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई, (फोटो साभार: NDTV-ANI)
सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर फैजान अंसारी ने सीजेपी के संस्थापक अभिजीत दीपके के खिलाफ दिल्ली पुलिस में शिकायत दर्ज कर कार्रवाई की मांग की है। उनका आरोप है, कि दीपके के सहयोगियों ने अलग-अलग मौकों पर उन पर हमला किया और उनके पास अपने आरोपों के समर्थन में सबूत हैं।
समाचार एजेंसी एएनआई की एक्स पोस्ट के मुताबिक, फैजान अंसारी ने कहा, कि आज मैंने दिल्ली डीसीपी के पास कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के फाउंडर अभिजीत दिपके के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई है। उन्होंने कहा, कि मैं चाहता हूं कि दिल्ली पुलिस तुरंत अभिजीत दिपके को गिरफ्तार करे।
#WATCH | Delhi: On filing a police complaint against CJP founder Abhijeet Dipke, a social media influencer, Faizan Ansari says, “Today, I have filed a written complaint against Abhijeet Dipke, the founder of the CJP party, with the Delhi DCP, because I have proof that his men… pic.twitter.com/Fol499Cmpi
— ANI (@ANI) August 4, 2026
सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर फैजान अंसारी ने आरोप लगाया, कि अभिजीत दीपके के सहयोगियों ने उन पर पुणे और औरंगाबाद में हमला किया था। इन दोनों घटनाओं के संबंध में पहले से दो मामले दर्ज हैं। फैजान ने कहा, कि उनके पास ऐसे साक्ष्य हैं, जिनके आधार पर पुलिस को मामले में त्वरित कार्रवाई करनी चाहिए।
फैजान अंसारी ने आगे कहा, “मैं सही समय पर सोनम वांगचुक को हिरासत में लेने के लिए दिल्ली के मुख्यमंत्री और दिल्ली पुलिस को सलाम करता हूं। इससे दिल्ली का माहौल खराब होने से बच गया। दीपके जो कुछ भी कर रहे हैं, वह अपने निजी फायदे के लिए कर रहे हैं।”
गौरतलब है, कि बीते दिनों सूरत के आरटीआई कार्यकर्ता अमित तिवारी ने भी सीजेपी फाउंडर अभिजीत दीपके के पिता भगवानराव दीपके की आय की जांच की मांग की थी। उन्होंने सवाल उठाया, कि एक जूनियर इंजीनियर (जेई) के वेतन से उनके बेटे की अमेरिका में उच्च शिक्षा का खर्च कैसे उठाया गया?
आरटीआई कार्यकर्ता ने चुनाव आयोग और केंद्रीय अप्रत्यक्ष कर एवं सीमा शुल्क बोर्ड से भी सीजेपी की कानूनी स्थिति और राज्यसभा सांसद कपिल सिब्बल द्वारा घोषित एक करोड़ रुपये की सहायता राशि पर कर देयता की जांच की मांग की है।
बता दें, कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के फाउंडर अभिजीत दिपके पूर्व में आम आदमी पार्टी के पदाधिकारी रह चुके हैं। उन्होंने पूर्व शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की माँग को लेकर राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली के जंतर मंतर पर विरोध प्रदर्शन का नेतृत्व कर राष्ट्रीय स्तर पर ध्यान आकर्षित करने का प्रयास किया था।
