'विश्व बाघ दिवस' पर CM धामी का संबोधन, (चित्र साभार: X@DIPR_UK)
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बुधवार (29 जुलाई 2026) को विश्व बाघ दिवस के अवसर पर देहरादून में “एकल उपयोग प्लास्टिक प्रतिबंध के प्रभावी क्रियान्वयन एवं प्रवर्तन” विषय पर आयोजित राज्य स्तरीय परामर्श कार्यशाला में प्रतिभाग किया। इस अवसर पर सीएम धामी ने बाघ संरक्षण पर आधारित चित्र एवं पोस्टकार्ड का विमोचन किया।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मानव-वन्यजीव संघर्ष में साहसिक कदम उठाने तथा वन्यजीव संरक्षण के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले लोगों को सम्मानित भी किया।
#WATCH | Uttarakhand Chief Minister Pushkar Singh Dhami participates in a state-level consultation workshop on the effective implementation and enforcement of the single-use plastic ban, organised on the occasion of Global Tiger Day at Hyatt Centric, Dehradun. pic.twitter.com/XoEgNjMDut
— ANI UP/Uttarakhand (@ANINewsUP) July 29, 2026
विश्व बाघ दिवस के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते सीएम धामी ने कहा, “सिंगल-यूज़ प्लास्टिक पर प्रतिबंध का प्रभावी क्रियान्वयन केवल सरकारी प्रयासों से संभव नहीं है। इसके लिए जनभागीदारी, जन-जागरूकता तथा प्रत्येक नागरिक के सक्रिय सहयोग की आवश्यकता है।”
उन्होंने कहा, कि सिंगल-यूज़ प्लास्टिक के विरुद्ध अभियान को जन-आंदोलन का स्वरूप देकर उत्तराखंड को सिंगल-यूज़ प्लास्टिक मुक्त राज्य बनाने के संकल्प को साकार करना होगा। मुख्यमंत्री ने कहा, कि विश्व बाघ दिवस के अवसर पर इस विषय पर आयोजित कार्यशाला अत्यंत सार्थक है।
सीएम धामी ने कहा, कि यह आयोजन केवल एक कार्यशाला नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए स्वच्छ, सुरक्षित और हरित भविष्य सुनिश्चित करने का सामूहिक संकल्प है। उन्होंने कहा, कि बाघ केवल एक वन्यजीव नहीं, बल्कि हमारी समृद्ध जैव विविधता और संतुलित पारिस्थितिकी तंत्र का प्रतीक है। यदि हमारे जंगल सुरक्षित रहेंगे, तो बाघ सुरक्षित रहेंगे और प्रकृति का संतुलन भी सुरक्षित रहेगा।
#WATCH | Dehradun: Uttarakhand CM Pushkar Singh Dhami says, "This is a really special day for us. If our forests remain safe, entire ecology will prosper. When the entire ecology prospers, tigers will remain safe. When the tigers remain safe, the balance in nature will remain… https://t.co/pb0YifQDzb pic.twitter.com/AEuCg0RViO
— ANI UP/Uttarakhand (@ANINewsUP) July 29, 2026
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अपने संबोधन में आगे कहा, कि सिंगल-यूज़ प्लास्टिक पर्यावरण, नदियों, मिट्टी, जल स्रोतों और वन्यजीवों के लिए गंभीर खतरा बन चुका है। वन क्षेत्रों में छोड़ा गया प्लास्टिक अनेक बार वन्यजीवों के भोजन में मिल जाता है, जिससे उनके स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है।
उन्होंने कहा, कि जंगलों, नदियों और वन्यजीवों की सुरक्षा के लिए सिंगल-यूज़ प्लास्टिक के विरुद्ध प्रभावी और निर्णायक अभियान चलाना समय की आवश्यकता है। सीएम धामी ने बताया, कि राज्य सरकार सिंगल-यूज़ प्लास्टिक पर प्रतिबंध के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए व्यापक जन-जागरूकता अभियान, निरीक्षण एवं प्रवर्तन की कार्रवाई कर रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा, कि चारधाम यात्रा मार्गों तथा प्रमुख पर्यटन स्थलों को प्लास्टिक मुक्त बनाने के लिए विशेष अभियान संचालित किए जा रहे हैं। साथ ही प्लास्टिक अपशिष्ट के वैज्ञानिक प्रबंधन एवं रीसाइक्लिंग को भी बढ़ावा दिया जा रहा है। सीएम धामी ने लोगों से कपड़े के थैले, जूट तथा पर्यावरण-अनुकूल उत्पादों को अपनाने का आह्वान किया।
उन्होंने प्रदेश में आने वाले श्रद्धालुओं और पर्यटकों से भी प्राकृतिक स्थलों पर प्लास्टिक अथवा अन्य प्रकार का कचरा न छोड़ने की अपील की। उद्योग जगत से इको-फ्रेंडली पैकेजिंग और आधुनिक रीसाइक्लिंग तकनीकों को अपनाने तथा युवाओं से विद्यालयों, महाविद्यालयों, ग्राम सभाओं, स्वयं सहायता समूहों एवं सामाजिक संगठनों के माध्यम से इस अभियान को जन-आंदोलन बनाने का आह्वान किया।
इस अवसर पर मेयर देहरादून सौरभ थपलियाल, प्रमुख सचिव आर. के. सुधांशु, प्रमुख वन संरक्षक हॉफ कपिल लाल, प्रमुख वन संरक्षक वन्यजीव नीना ग्रेवाल, प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के सदस्य सचिव डॉ. पराग मधुकर धकाते, जिला पंचायत अध्यक्ष टिहरी इशिता सजवाण और विषय विशेषज्ञ उपस्थित रहे।
