दून पुलिस के हत्थे चढ़े अंतरराज्यीय चोर गिरोह के सदस्य, (फोटो साभार: etvbharat)
डोईवाला स्थित कंचन ज्वेलर्स में हुई चोरी के मामले में पुलिस ने महाराष्ट्र के अंतरराज्यीय गिरोह के छह सदस्यों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने जब घटना का खुलासा किया, तो वे खुद भी हैरान रह गए। दरअसल, उम्र के जिस पड़ाव में महिलाएं घर से बाहर नहीं निकल पाती, वहीं इस चोरी को 80 बसंत देख चुकी दादी ने अपने गैंग के साथ मिलकर अंजाम दिया था।
जानकारी के अनुसार, बीते शुक्रवार 8 मई को डोईवाला स्थित कंचन ज्वैलर्स में कुछ महिला-पुरुष ज्वैलरी खरीदने के बहाने आए और दुकानदार सुरेंद्र कुमार कक्कड़ को बातों में उलझाकर 6 सोने की चेन चोरी कर ले गए। दुकानदार की शिकायत पर 9 मई को कोतवाली डोईवाला में मुकदमा दर्ज किया गया।
एसएसपी देहरादून के निर्देश पर गठित पुलिस टीम ने सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। इसी क्रम में पुलिस ने 13 मई को मुखबिर की सूचना पर हर्रावाला रेलवे स्टेशन से एक महिला समेत 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया। बताया जा रहा है, कि सभी आरोपी महाराष्ट्र भागने की फिराक में थे। पुलिस ने उनके पास से चोरी की गई सभी सोने की ज्वेलरी भी बरामद कर ली हैं।
कोतवाली प्रभारी निरीक्षक कमल कुमार लुंठी ने बताया, कि आरोपितों ने पूछताछ में बताया, कि वह सभी मूल रूप से महाराष्ट्र के निवासी हैं और टोली बनाकर ज्वेलर्स शाप को चिन्हित करते हैं। फिर एक साथ दुकान में ग्राहक के रूप में जाकर कुछ लोग दुकान स्वामी को अपनी बातों में उलझा लेते जबकि, मौका पाकर अन्य लोग दुकान में रखे कीमती आभूषण चोरी कर लेते थे।
पुलिस के मुताबिक, इस शातिर अंतरराज्यीय ‘बुजुर्ग टोली’ गैंग की कमान 80 वर्षीय बुजुर्ग महिला विमल संभाल रही थी। गिरोह में सभी बुजुर्ग होने के कारण कोई भी ज्वैलरी शॉप वाला उन पर शक भी नहीं करता था। गिरोह ने देहरादून के अन्य स्थानों पर भी चोरी का प्रयास किया, लेकिन दुकानदारों की सतर्कता से सफल नहीं हो पाए।
पकड़े गए आरोपियों की पहचान पांडुरंग (76 वर्ष) निवासी रायगढ़, वासुदेव नामदेव शिंदे (57) थाणे, सतीश नामदेव शिंदे (39) थाणे, मनीष मनोहर मोरे (46) थाणे, मंगेश सुर्वे (34) रायगढ़, विमल पत्नी राजेन्द्र जाधव (80) सत्तारा के रूप में हुई है। पूछताछ में आरोपितों ने अन्य प्रदेशों में भी इसी तरह की वारदात करना कबूला है।
