उत्तराखंड मंत्रिमंडल की बैठक में 8 प्रस्तावों पर लगी मुहर, (फोटो साभार : X@DIPR_UK)
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में बुधवार (28 जनवरी 2026) को हुई मंत्रिमंडल की बैठक में कुल 8 प्रस्तावों पर मुहर लगी। कैबिनेट बैठक शुरू होने से पहले महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजीत पवार के विमान दुर्घटना में निधन पर दुःख व्यक्त किया गया। साथ ही विमान दुर्घटना में दिवंगत आत्माओं की शांति के लिए दो मिनट का मौन रखा गया।
देहरादून में कैबिनेट बैठक से पूर्व, माननीय कैबिनेट मंत्रीगणों के साथ महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री श्री अजित पवार जी के निधन पर दो मिनट का मौन रखकर शोक संवेदना व्यक्त की। ईश्वर पुण्यात्मा को शांति और शोकाकुल परिवारजनों को यह असीम दुःख सहने की शक्ति प्रदान करें। pic.twitter.com/C3wENWzzCU
— Pushkar Singh Dhami (@pushkardhami) January 28, 2026
धामी कैबिनेट ने उत्तराखंड के ऐसे स्वास्थ्य कार्यकर्ता/स्वास्थ्य पर्यवेक्षकों को उनके संपूर्ण सेवाकाल में एक बार म्यूचुअल अंडरस्टैंडिंग के आधार पर जनपद परिवर्तन की अनुमति प्रदान की है, जिन्होंने अपने मूल संवर्ग में न्यूनतम 05 वर्ष की संतोषजनक सेवा पूर्ण कर ली हो।
मुख्य फैसलों में उत्तराखंड राज्य में आपसी समझौते के आधार पर भू-स्वामियों से लघु/मध्यम/वृहद् परियोजनाओं हेतु भूमि की प्राप्ति किए जाने हेतु प्रक्रिया के निर्धारण के संबंध में भी कैबिनेट ने निर्णय लिया है।
भूमि अर्जन, पुनर्वासन एवं पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की सुसंगत धाराओं की प्रक्रियान्तर्गत भूमि अर्जन हेतु लगने वाले अत्यधिक समय एवं सीधे भूमि कय करने की व्यवस्था को प्रोत्साहित किया गया है। इसके तहत आपसी समझौते के आधार पर भू-स्वामियों से भूमि प्राप्त किए जाने की दशा में मुकदमेबाजी जैसे मामलों में कमी आएगी तथा जनहित की परियोजना की लागत भी कम होगी।
राज्य के समग्र विकास एवं विभिन्न क्षेत्रों को सशक्त करने के उद्देश्य से आज कैबिनेट बैठक में लिए गए महत्वपूर्ण निर्णय..#CabinetDecision pic.twitter.com/a8Y5aOEtjz
— Pushkar Singh Dhami (@pushkardhami) January 28, 2026
मंत्रिमंडल ने जनपद ऊधमसिंहनगर स्थित प्राग फार्म की 1354.14 एकड़ भूमि को औद्योगिक आस्थान विकसित किए जाने हेतु सिडकुल (औद्योगिक विकास विभाग) को हस्तान्तरित किए जाने के संबंध में निर्गत शासनादेश में संशोधन करने का निर्णय लिया गया। प्रश्नगत भूमि को किसी व्यक्ति एवं संस्थान या संगठन को बेचने/पट्टे पर देने अथवा किसी अन्य प्रकार से हस्तान्तरित करने का अधिकार पट्टेदार को नहीं होगा।
भूमि का उपयोग आवंटन के दिनांक से 03 वर्ष की अवधि में पूर्ण कर लेना अनिवार्य होगा। अन्यथा आवंटन स्वतः निरस्त समझा जाएगा, परन्तु औद्योगिक विकास विभाग के माध्यम से राजस्व विभाग की सहमति से पट्टे पर आवंटित भूमि को समान प्रयोजन हेतु उप पट्टा (सबलेट) करने का अधिकार पट्टेदार को होगा।
इसके अलावा जनजाति कल्याण विभाग की योजनाओं का संचालन किए जाने के उद्देश्य से अनुसूचित जनजाति बाहुल्य जनपद देहरादून, चमोली, ऊधमसिंहनगर एवं पिथौरागढ़ में विभागीय पदों की आवश्यकता के दृष्टिगत विभागीय ढांचे को पुर्नगठित करने हेतु कैबिनेट ने स्वीकृति प्रदान की है।
साथ ही जिला जनजाति कल्याण अधिकारियों के ढांचे में स्वीकृत 04 पदों का प्राविधान सेवा नियमावली में करने के उद्देश्य से उत्तराखंड जनजाति कल्याण राजपत्रित अधिकारी सेवा (संशोधन) नियमावली, 2025 प्रख्यापित करने का निर्णय लिया गया।
कैबिनेट ने राज्य में उद्योगों को बढ़ावा देने व भू-जल के अनियन्त्रित दोहन को सीमित करने के उद्देश्य से औद्योगिक इकाइयों एवं अन्य व्यवसायिक उपयोग, जैसे कि रेजीडेंशियल अपार्टमेंट/ ग्रुप हाउसिंग सोसायटी, होटल, वॉटर एम्यूजमेंट पार्क, वाहन धुलाई सेन्टर, स्वीमिंग पूल इत्यादि हेतु सुरक्षित क्षेत्र, अर्द्ध गम्भीर क्षेत्र, गम्भीर क्षेत्र एवं अतिदोहित क्षेत्र की जल मूल्य/प्रभार की दरों को लागू करने हेतु कैबिनेट ने अपनी स्वीकृति दी है। वाणिज्यक, औद्यौगिक, अवसंरचनात्मक और रेजीडेंशियल अपार्टमेन्ट्स/ग्रुप हाउसिंग सोसायटी हेतु पंजीकरण शुल्क 5000 रूपये देय होगा।
राज्य को शिक्षा हब के रूप में विकसित करने और उच्च शिक्षा के क्षेत्र में निजी क्षेत्रों की भागीदारी को प्रोत्साहित करने हेतु राज्य सरकार द्वारा जनपद देहरादून में जी.आर.डी. उत्तराखण्ड विश्वविद्यालय नाम से निजी विश्वविद्यालय स्थापित करने के प्रस्ताव को मंजूरी प्रदान की गई।
जनपद उत्तरकाशी स्थित चिन्यालीसौड़ हवाई पट्टी और चमोली स्थित गौचर हवाई पट्टी को भारतीय वायु सेना, रक्षा मंत्रालय, भारत सरकार व उत्तराखण्ड सरकार के मध्य उच्च स्तरीय बैठकों में सहमति के आधार पर संयुक्त रूप से नागरिक व सैन्य संचालन के उद्देश्य से एडवांस लैंडिंग ग्राउण्ड (ए०एल०जी०) लीज के आधार पर रक्षा मंत्रालय, भारत सरकार को हस्तान्तरित हेतु कैबिनेट ने अपनी सहमति दी है।
राज्य में हरित हाइड्रोजन उत्पादन को बढ़ावा देने हेतु उत्तराखण्ड सरकार द्वारा उत्तराखण्ड हरित हाइड्रोजन नीति, 2026 को लागू करने के लिए मंत्रिमंडल ने अपनी स्वीकृति दी है।

