सांकेतिक चित्र
रुद्रपुर गैंगरेप प्रकरण में फरार चल रहे तीनों बदमाशों को पुलिस ने मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस की घेराबंदी से बचने के दौरान आरोपितों ने फायरिंग शुरू कर दी, जिसके जवाब में पुलिस ने आत्मरक्षा में फायरिंग की, जिसमें एक आरोपित पैर में गोली लगने से घायल हो गया, जबकि दो अन्य बदमाशों को मौके से दबोच लिया गया।
पुलिस के अनुसार, मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के “अपराध मुक्त देवभूमि” के संकल्प के तहत वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय गणपति ने सामूहिक दुष्कर्म की वारदात का गंभीरता से संज्ञान लेते हुए आरोपितों की शीघ्र गिरफ्तारी के निर्देश दिए थे। एसएसपी के निर्देश पर पुलिस टीमों ने लगातार संभावित ठिकानों पर दबिश और सघन चेकिंग अभियान चलाया।
इसी क्रम में सोमवार देर रात कोतवाली रुद्रपुर पुलिस चौकी बगवाड़ा क्षेत्र में चेकिंग अभियान चला रही थी। इस दौरान एक बाइक पर तीन संदिग्ध युवक आते दिखाई दिए। पुलिस ने उन्हें रुकने का इशारा किया, लेकिन वे बाइक मोड़कर भागने की कोशिश करने लगे। इसके बाद पुलिस टीम ने उनका पीछा कर घेराबंदी की।
रुद्रपुर क्षेत्रांतर्गत गैंगरेप के आरोपियों एवं पुलिस के बीच हुई मुठभेड़, 03 गिरफ्तार।
➡️ पुलिस पर जानलेवा फायरिंग करने वाले अभियुक्त गुरबाज उर्फ मानु के पैर में लगी गोली, उपचाराधीन#UKPoliceStrikeOnCrime #udhamsinghnagarpolice pic.twitter.com/SUtBb8PXcf
— Udham Singh Nagar Police Uttarakhand (@UdhamSNagarPol) July 28, 2026
पुलिस के मुताबिक, खुद को घिरता देख आरोपितों ने पुलिस पर फायरिंग कर दी। वहीं पुलिस की जवाबी कार्रवाई में एक आरोपी के पैर में गोली लग गई। घायल आरोपी को पुलिस अभिरक्षा में जिला अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उसका इलाज जारी है। मुठभेड़ के बाद पुलिस ने मौके से फरार होने की कोशिश कर रहे तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस ने तीनों आरोपियों के कब्जे से अवैध तमंचे और जिंदा कारतूस बरामद किए है। बरामदगी के आधार पर आरोपितों के खिलाफ शस्त्र अधिनियम समेत अन्य संबंधित धाराओं में भी कार्रवाई की जा रही है। घटना की जानकारी मिलते ही वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय गणपति जिला अस्पताल पहुंचे और घायल आरोपी से पूछताछ कर मामले की जानकारी ली।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय गणपति ने बताया, कि सघन चेकिंग अभियान के दौरान अज्ञात वाहन सामने से आता हुआ दिखाई दिया, उसे रोकने का प्रयास किया, तो वो मौके से भागने लगे। संदिग्ध प्रतीत होने पर पीछा किया गया, तो उन्होंने पुलिस पर फायरिंग की, जिसके बाद जवाबी फायरिंग में एक आरोपी के पैर में गोली लगी और दो को गिरफ्तार कर लिया गया।
उन्होंने बताया, कि गैंगरेप में तीनों मुख्य आरोपित थे और सीसीटीवी फुटेज और सर्विलांस के माध्यम से उनकी तलाश की जा रही थी। अब पुलिस घटना से जुड़े अन्य साक्ष्यों को एकत्र कर विवेचना को अंतिम रूप देने में जुटी है। मामले में बरामद अवैध हथियारों और पुलिस पर फायरिंग की घटना को लेकर भी अलग से विधिक कार्रवाई की जा रही है।
