गैरसैंण विधानसभा सत्र का तीसरा दिन
उत्तराखंड की ग्रीष्मकालीन राजधानी गैरसैंण के भराड़ीसैण विधानसभा भवन में आज बजट सत्र 2026 का तीसरा दिन है। राष्ट्रीय खेलों के भव्य आयोजन के बाद प्रदेश की धामी सरकार जमीनी स्तर पर खेल सुविधाओं के विस्तार में जुट गई है। इस क्रम में प्रदेश के हर ब्लॉक में अब मिनी स्टेडियमों का निर्माण किया जाएगा।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आज बजट सत्र के तीसरे दिन सदन में यह जानकारी दी। उन्होंने बताया, कि हर ब्लॉक में मिनी स्टेडियम के निर्माण के लिए वित्तीय वर्ष 2026-27 के बजट में प्रावधान किया गया है। वर्ष 2025 में उत्तराखण्ड ने न सिर्फ 38वें राष्ट्रीय खेलों की सफल मेजबानी की थी, बल्कि 103 पदक जीतकर इस स्तर के आयोजन में अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन भी किया था।
उन्होंने कहा, कि इस आयोजन के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर का आधारभूत खेल ढांचा विकसित किया गया। लेगेसी पॉलिसी बनाकर सरकार ने इस खेल ढांचे का इस्तेमाल एकेडमी के तौर पर करने का निर्णय लिया है, ताकि खेल प्रतिभाओं को उचित प्रशिक्षण प्राप्त हो सके। इस संबंध में शासन स्तर पर कार्रवाई चल रही है।
अब वित्तीय वर्ष 2026-27 के बजट में हर ब्लाक में मिनी स्टेडियम के निर्माण के लिए प्रावधान कर दिए जाने को भी अहम माना जा रहा है। पर्वतीय क्षेत्र में मिनी स्टेडियम के लिए 1.18 एकड़ भूमि की आवश्यकता होती है जिसके निर्माण के लिए एक करोड़ 70 लाख रूपये दिए जाने का प्रावधान किया गया है।
गौरतलब है, कि विधानसभा के बजट सत्र के तीसरे दिन सदन की कार्यवाही से पहले भराड़ीसैंण में प्रातःकाल भ्रमण के दौरान सीएम धामी ने पूर्व ग्राम प्रधान चंद्र सिंह की दुकान पर चाय की चुस्कियों का आनन्द लिया और उपस्थित स्थानीय लोगों के साथ संवाद कर सरकार की विभिन्न योजनाओं का फीडबैक लिया।
भराड़ीसैंण (गैरसैंण) में प्रातःकाल भ्रमण के दौरान पूर्व ग्राम प्रधान श्री चंद्र सिंह जी के प्रतिष्ठान पर चाय की चुस्कियों का आनन्द लिया और वहाँ उपस्थित स्थानीय लोगों के साथ आत्मीय संवाद कर सरकार की विभिन्न योजनाओं का फीडबैक लिया।
हमारी सरकार का प्रयास इकोलॉजी और इकॉनमी के बेहतर… pic.twitter.com/QCQEQSOTxv
— Pushkar Singh Dhami (@pushkardhami) March 11, 2026
इस अवसर पर मुख्यमंत्री धामी ने कहा, कि हमारी सरकार का प्रयास इकोलॉजी और इकॉनमी के बेहतर समन्वय के साथ पहाड़ी क्षेत्रों का सुनियोजित विकास करना है जहां स्थानीय लोगों को सड़क, पेयजल, शिक्षा, स्वास्थ्य और रोज़गार की सुविधा उपलब्ध हो सके. आर्थिक सर्वेक्षण 2025-26 के आंकड़े हमारे प्रयासों के सकारात्मक परिणाम को परिलक्षित कर रहे हैं।
