अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप और वेनेजुएला की विपक्षी नेता मारिया मचाडो, (फोटो साभार : X@WhiteHouse)
वेनेजुएला की विपक्षी नेता मारिया कोरिना मचाडो ने अपना नोबेल पुरस्कार अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को सौंप दिया है। व्हाइट हाउस में मुलाकात के बाद मचाडो ने गुरुवार को कहा, कि उन्होंने अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को प्रतीकात्मक तौर पर अपना नोबेल शांति पुरस्कार दिया है। हालांकि, उन्होंने यह नहीं बताया, कि ट्रंप ने इसे स्वीकार किया या नहीं?
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, व्हाइट हाउस में मुलाकात के बाद अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने वेनेजुएला की विपक्षी नेता की जमकर तारीफ की। उन्होंने कहा, ‘मेरे काम से खुश होकर उन्होंने अपना शांति पुरस्कार मुझे सौंपा है।
Venezuela opposition leader María Corina Machado presented US President Donald Trump with her 'Nobel Peace Prize' during the White House meeting.
(Picture Source: ABC Via Reuters) pic.twitter.com/TnO5IfJovu
— ANI (@ANI) January 15, 2026
राष्ट्रपति ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर लिखा, “वो एक अद्भुत महिला हैं, जिन्होंने बहुत कुछ सहा है।” उन्होंने कहा, कि मचाडो का उन्हें अपना मेडल देना आपसी सम्मान का एक बेहद खूबसूरत संकेत है। व्हाइट हाउस के एक अधिकारी ने समाचार एजेंसी रॉयटर्स को बताया, कि ट्रंप नोबेल मेडल को अपने पास रखने का इरादा रखते है।
गौरतलब है, कि डोनाल्ड ट्रंप पहले भी सार्वजनिक रूप से नोबेल शांति पुरस्कार पाने की इच्छा जता चुके हैं। ऐसे में नोबेल मेडल सौंपने की यह घटना सिर्फ एक सम्मान नहीं, बल्कि ट्रंप को मनाने और अमेरिकी समर्थन मजबूत करने की एक सोची-समझी राजनीतिक चाल के रूप में देखी जा रही है।
माना जा रहा है, कि मचाडो ट्रंप को अपना नोबेल मेडल देकर अपने पक्ष में करना चाहती है। वहीं इस घटनाक्रम के बाद नोबेल प्राइज को लेकर नया विवाद शुरू हो गया है। वेनेजुएला की विपक्षी नेता मारिया कोरिना मचाडो द्वारा अपना नोबेल शांति पुरस्कार अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप को गिफ्ट किये जाने को लेकर अब सवाल उठ रहे हैं।
इस मामले को लेकर सोशल मीडिया पर काफी बहस हो रही है और मचाडो की खूब आलोचना भी हो रही है। हालांकि, नोबेल पुरस्कार समिति पहले ही साफ कर चुकी है, कि यह सम्मान न तो साझा किया जा सकता है और न ही किसी को ट्रांसफर किया जा सकता है।
