गणतंत्र दिवस पर CM धामी ने मुख्यमंत्री आवास में किया ध्वजारोहण, (फोटो साभार : X@DIPR_UK)
77वां गणतंत्र दिवस देशभर में धूमधाम से मनाया जा रहा है। इस अवसर पर देशभर में ध्वजारोहण का कार्यक्रम आयोजित किए गए। इसी क्रम में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने 77वें गणतंत्र दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री आवास में राष्ट्रीय ध्वज फहराया। इस अवसर पर सीएम धामी ने सभी को संविधान की उद्देशिका की शपथ भी दिलाई।
77वें गणतंत्र दिवस पर सीएम धामी ने भाजपा प्रदेश कार्यालय में भी राष्ट्रीय ध्वज फहराया। इसके बाद मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने देहरादून स्थित परेड ग्राउण्ड में गणतंत्र दिवस के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में शामिल हुए।
77वें गणतंत्र दिवस के अवसर पर भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष एवं माननीय राज्यसभा सांसद श्री @mahendrabhatbjp जी के साथ भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश कार्यालय परिसर में राष्ट्रीय ध्वज फहराया।
इस दौरान माननीय राज्यसभा सांसद श्री @bjpnareshbansal जी, माननीय विधायक श्री @KhajanDassBJP जी,… pic.twitter.com/yTbBitJeIM
— Pushkar Singh Dhami (@pushkardhami) January 26, 2026
मुख्यमंत्री धामी ने गणतंत्र दिवस पर स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों, संविधान निर्माताओं एवं राज्य आंदोलनकारियों को नमन करते हुए कहा, “गणतंत्र दिवस हमारे संविधान के निर्माण का महापर्व है। ये अवसर हमें स्वतंत्रता सेनानियों के सपनों को साकार करने और अपने लक्ष्यों के प्रति प्रतिबद्ध रहने की प्रेरणा देता है। ऐसे में हम सभी की जिम्मेदारी है, कि संविधान के उद्देश्यों के अनुरूप न्याय, स्वतंत्रता, समानता और भाईचारे के मूलभूत लोकतांत्रिक आदर्शों के प्रति सदैव प्रतिबद्ध रहें।”
इस अवसर पर सीएम धामी ने कहा, कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में समाज के हर वर्ग के उत्थान के लिए कार्य हो रहे हैं। उन्होंने कहा, कि सशक्त, समृद्ध, आत्मनिर्भर और विकसित भारत के लिए हम सभी को अपने दायित्वों का निर्वहन करना है। प्रधानमंत्री के मार्गदर्शन में राज्य सरकार द्वारा राज्य के समग्र विकास के लिए हर क्षेत्र में तेजी से कार्य किए जा रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा, “भारत को वर्ष 2047 तक विकसित राष्ट्र बनाने के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संकल्प को साकार करने तथा देवभूमि उत्तराखंड को देश का सर्वश्रेष्ठ राज्य बनाने के लिए राज्य सरकार पूरी तरह प्रतिबद्ध है। पीएम मोदी ने 21वीं सदी के तीसरे दशक को उत्तराखंड का दशक बताया है। इस प्रेरणादायी कथन से प्रदेशवासियों में नई ऊर्जा और उत्साह का संचार हुआ है।”

