CM धामी उत्तरायणी कौथिक महोत्सव के समापन कार्यक्रम में हुए शामिल
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी रविवार (8 फरवरी 2026) को परेड ग्राउंड, देहरादून में सेवा संकल्प फाउंडेशन द्वारा आयोजित चार दिवसीय उत्तरायणी कौथिक महोत्सव के समापन कार्यक्रम में सम्मिलित हुए। इस अवसर पर सीएम धामी ने कार्यक्रम में उपस्थित लोक कलाकारों, साहित्यकारों, कला-प्रेमियों एवं बड़ी संख्या में उपस्थित जनता का स्वागत एवं अभिनंदन किया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा, कि सेवा संकल्प फाउंडेशन द्वारा आयोजित यह महोत्सव उत्तराखंड की समृद्ध लोक-सांस्कृतिक परंपराओं को जीवंत बनाए रखने का सराहनीय प्रयास है। उन्होंने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा, कि ऐसे आयोजनों के माध्यम से लोक संस्कृति को एक सूत्र में पिरोकर भावी पीढ़ी तक पहुंचाने का महत्वपूर्ण कार्य किया जा रहा है।
सीएम धामी ने महोत्सव के सफल आयोजन के लिए सेवा संकल्प फाउंडेशन, इसकी संस्थापक श्रीमती गीता धामी एवं समस्त आयोजन समिति को साधुवाद देते हुए कहा, कि इस प्रकार के सांस्कृतिक आयोजन राज्य की पहचान को और अधिक सशक्त करते हैं। उन्होंने कहा, कि इन आयोजनों के माध्यम से लोक कलाओं, पारंपरिक वेशभूषा, हस्तशिल्प एवं कारीगरी को नजदीक से जानने और समझने का अवसर प्राप्त होता है।
परेड ग्राउंड, देहरादून में @SEWASANKALP_ORG द्वारा आयोजित चार दिवसीय उत्तरायणी कौथिक महोत्सव–2026 के समापन समारोह में सम्मिलित हुआ। इस अवसर पर उत्तराखंड की लोक संस्कृति एवं सामाजिक सरोकारों से जुड़े विभिन्न कार्यक्रमों का अवलोकन किया। pic.twitter.com/LTr9AZoehB
— Pushkar Singh Dhami (@pushkardhami) February 8, 2026
मुख्यमंत्री धामी ने कहा, कि जागर, बेड़ा, मांगल, खुदेड़, छोपाटी जैसे लोकगीतों, छोलिया, पांडव और झोड़ा-छपेली जैसे लोक नृत्य उत्तराखण्ड की सांस्कृतिक आत्मा हैं, जिन्हें संरक्षित करना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने चार दिवसीय आयोजन में लगे स्टॉलों के माध्यम से पारंपरिक हस्तशिल्प, जैविक उत्पादों एवं उत्तराखण्डी व्यंजनों के सुंदर प्रदर्शन की भी सराहना की।
उन्होंने कहा, कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश-भर में सांस्कृतिक परंपराओं के संरक्षण के साथ-साथ ‘वोकल फॉर लोकल’, ‘मेक इन इंडिया’, ‘मेड इन इंडिया’ और ‘स्टार्टअप इंडिया’ जैसी पहलों के माध्यम से आत्मनिर्भर भारत की दिशा में ठोस कदम उठाए जा रहे हैं। इसी क्रम में उत्तराखंड सरकार द्वारा भी राज्य के समग्र विकास के लिए अनेक योजनाएं और नीतियां प्रभावी रूप से लागू की गई हैं।
सीएम धामी ने बताया, कि ‘एक जनपद, दो उत्पाद’ योजना और ‘हाउस ऑफ हिमालयाज’ ब्रांड के माध्यम से स्थानीय उत्पादों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय पहचान दिलाई जा रही है। इसके साथ ही स्टेट मिलेट मिशन, फार्म मशीनरी बैंक, एप्पल मिशन, कीवी मिशन, नई पर्यटन नीति, नई फिल्म नीति, होम स्टे, वेड इन उत्तराखण्ड और सौर स्वरोजगार योजना जैसी पहलों से स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिल रही है।
उन्होंने कहा, कि बीते साढ़े चार वर्षों में उत्तराखण्ड ने अनेक उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल की हैं। पलायन निवारण आयोग की रिपोर्ट के अनुसार राज्य में रिवर्स पलायन में 44 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है। किसानों की आय बढ़ाने में उत्तराखण्ड ने देश में प्रथम स्थान प्राप्त किया है तथा युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराने में भी राज्य अग्रणी बनकर उभरा है।
मुख्यमंत्री ने बताया, कि ईज ऑफ डूइंग बिजनेस में उत्तराखण्ड को ‘अचीवर्स’ और स्टार्टअप रैंकिंग में ‘लीडर्स’ की श्रेणी प्राप्त हुई है। सिंगल विंडो सिस्टम को ‘टॉप अचीवर्स’ श्रेणी में पुरस्कृत किया गया है। नीति आयोग के सतत विकास लक्ष्य सूचकांक 2023-24 में उत्तराखण्ड ने देश में प्रथम स्थान हासिल किया है।
उन्होंने कहा, कि राज्य खनन तत्परता सूचकांक में उत्तराखण्ड को श्रेणी-सी में देश में दूसरा स्थान मिला है। लॉजिस्टिक्स परफॉर्मेंस में भी राज्य को अचीवर्स श्रेणी में स्थान मिला है। सीएम धामी ने कहा, कि राष्ट्रीय मतदाता दिवस पर मिले पुरस्कार ने उत्तराखण्ड की निष्पक्ष और पारदर्शी निर्वाचन व्यवस्था को प्रमाणित किया है।
पर्यटन क्षेत्र में उपलब्धियों का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा, कि उत्तराखंड को बेस्ट वाइल्ड लाइफ और बेस्ट एडवेंचर डेस्टिनेशन के राष्ट्रीय पुरस्कार प्राप्त हुए हैं। राष्ट्रीय पर्यटन पुरस्कार 2024 में जखोल, हर्षिल, गुंजी और सूपी गांवों को सर्वश्रेष्ठ पर्यटन गांव घोषित किया गया है। वर्ल्ड रिस्पॉन्सिबल टूरिज्म अवार्ड में राज्य को ‘वन टू वॉच’ पुरस्कार मिला है।
कृषि और मत्स्य क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बताया, कि वर्ष 2024 में मत्स्य विकास के लिए उत्तराखण्ड को सर्वश्रेष्ठ राज्य का राष्ट्रीय पुरस्कार मिला है। हाल ही में हैदराबाद में आयोजित अंतरराष्ट्रीय विमानन सम्मेलन में राज्य को ‘बेस्ट स्टेट फॉर प्रमोशन ऑफ एविएशन इकोसिस्टम’ सम्मान से नवाजा गया है।

